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तीन वर्षों में एसपी यशपाल सिंह राजपूत का प्रभावी नेतृत्व

शाजापुर। जिले के पुलिस अधीक्षक (एसपी) यशपाल सिंह राजपूत ने जिले में अपने तीन वर्षीय कार्यकाल को सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया है। भारतीय पुलिस सेवा में किसी भी जिले में लगातार तीन वर्ष तक पदस्थ रहना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जाता है। इस अवसर पर उनके कार्यकाल की उपलब्धियों और सुधारात्मक पहलें सामने आई हैं, जिन्होंने जिले की कानून-व्यवस्था को नई दिशा दी है।

एसपी राजपूत ने बताया कि सामुदायिक पुलिसिंग, टीमवर्क और नवाचार को प्राथमिकता देते हुए पुलिस ने समाज के हर वर्ग तक अपनी पहुंच बनाई। इसके परिणामस्वरूप अपराध नियंत्रण, महिला सुरक्षा, ट्रैफिक प्रबंधन और डिजिटल पुलिसिंग के क्षेत्र में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला। पुलिसकर्मियों के मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए योग शिविरों का आयोजन भी किया गया, जिससे कार्यक्षमता में वृद्धि हुई।

जिले में अपराधों पर नियंत्रण के साथ ही सड़क हादसों में मृत्यु दर और महिला अपराधों में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। पूर्व में सांप्रदायिक दृष्टि से संवेदनशील माने जाने वाले शाजापुर में भी स्थिति में सुधार हुआ है और हाल के वर्षों में कोई बड़ा विवाद सामने नहीं आया।

उल्लेखनीय उपलब्धियां

पासपोर्ट सत्यापन में शाजापुर जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा, जहां प्रक्रिया को तेज और पारदर्शी बनाया गया।

महिला सुरक्षा के तहत 246 दुष्कर्म एवं 403 छेड़छाड़ के मामलों में सभी आरोपितों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की गई।

गुमशुदा बालिकाओं के लिए चलाए गए विशेष अभियान में 227 बालिकाएं और 62 बालक (मार्च 2023 से 2026) को सकुशल खोजा गया।

ट्रैफिक मैनेजमेंट में सुधार से सड़क दुर्घटनाओं और मृत्युदर में कमी आई।

अन्य प्रमुख पहल

वर्ष 2025 से जिला सीएम हेल्पलाइन में ग्रुप ‘ए’ श्रेणी में शामिल।

“दिशा” लर्निंग एवं कंप्यूटर लैब की स्थापना से बच्चों को तकनीकी शिक्षा उपलब्ध।

महिला पुलिसकर्मियों के लिए तेजस्विनी चलित शौचालय एवं रेस्ट रूम की व्यवस्था।

पुलिस लाइन का नवीनीकरण—सड़क, आवास, जिम, कैंटीन और सौंदर्यकरण कार्य।

सीसीटीएनएस सिस्टम के माध्यम से पुलिस कार्यों का डिजिटलीकरण।

ई-एफआईआर का प्रभावी क्रियान्वयन।

एमएलसी एवं पोस्टमार्टम रिपोर्ट का ऑनलाइन प्रबंधन।

तीन वर्षों के कार्यकाल में यशपाल सिंह राजपूत के नेतृत्व में शाजापुर पुलिस ने आधुनिक, संवेदनशील और जवाबदेह पुलिसिंग का उदाहरण प्रस्तुत किया है, जिससे न केवल अपराध नियंत्रण हुआ बल्कि जनता का भरोसा भी मजबूत हुआ।

शाजापुर। जिले के पुलिस अधीक्षक (एसपी) यशपाल सिंह राजपूत ने जिले में अपने तीन वर्षीय कार्यकाल को सफलतापूर्वक पूर्ण कर लिया है। भारतीय पुलिस सेवा में किसी भी जिले में लगातार तीन वर्ष तक पदस्थ रहना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि माना जाता है। इस अवसर पर उनके कार्यकाल की उपलब्धियों और सुधारात्मक पहलें सामने आई हैं, जिन्होंने जिले की कानून-व्यवस्था को नई दिशा दी है।

एसपी राजपूत ने बताया कि सामुदायिक पुलिसिंग, टीमवर्क और नवाचार को प्राथमिकता देते हुए पुलिस ने समाज के हर वर्ग तक अपनी पहुंच बनाई। इसके परिणामस्वरूप अपराध नियंत्रण, महिला सुरक्षा, ट्रैफिक प्रबंधन और डिजिटल पुलिसिंग के क्षेत्र में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिला। पुलिसकर्मियों के मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए योग शिविरों का आयोजन भी किया गया, जिससे कार्यक्षमता में वृद्धि हुई।

जिले में अपराधों पर नियंत्रण के साथ ही सड़क हादसों में मृत्यु दर और महिला अपराधों में उल्लेखनीय कमी दर्ज की गई है। पूर्व में सांप्रदायिक दृष्टि से संवेदनशील माने जाने वाले शाजापुर में भी स्थिति में सुधार हुआ है और हाल के वर्षों में कोई बड़ा विवाद सामने नहीं आया।

उल्लेखनीय उपलब्धियां

पासपोर्ट सत्यापन में शाजापुर जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर रहा, जहां प्रक्रिया को तेज और पारदर्शी बनाया गया।

महिला सुरक्षा के तहत 246 दुष्कर्म एवं 403 छेड़छाड़ के मामलों में सभी आरोपितों की गिरफ्तारी सुनिश्चित की गई।

गुमशुदा बालिकाओं के लिए चलाए गए विशेष अभियान में 227 बालिकाएं और 62 बालक (मार्च 2023 से 2026) को सकुशल खोजा गया।

ट्रैफिक मैनेजमेंट में सुधार से सड़क दुर्घटनाओं और मृत्युदर में कमी आई।

अन्य प्रमुख पहल

वर्ष 2025 से जिला सीएम हेल्पलाइन में ग्रुप ‘ए’ श्रेणी में शामिल।

“दिशा” लर्निंग एवं कंप्यूटर लैब की स्थापना से बच्चों को तकनीकी शिक्षा उपलब्ध।

महिला पुलिसकर्मियों के लिए तेजस्विनी चलित शौचालय एवं रेस्ट रूम की व्यवस्था।

पुलिस लाइन का नवीनीकरण—सड़क, आवास, जिम, कैंटीन और सौंदर्यकरण कार्य।

सीसीटीएनएस सिस्टम के माध्यम से पुलिस कार्यों का डिजिटलीकरण।

ई-एफआईआर का प्रभावी क्रियान्वयन।

एमएलसी एवं पोस्टमार्टम रिपोर्ट का ऑनलाइन प्रबंधन।

तीन वर्षों के कार्यकाल में यशपाल सिंह राजपूत के नेतृत्व में शाजापुर पुलिस ने आधुनिक, संवेदनशील और जवाबदेह पुलिसिंग का उदाहरण प्रस्तुत किया है, जिससे न केवल अपराध नियंत्रण हुआ बल्कि जनता का भरोसा भी मजबूत हुआ।

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