धार। ऐतिहासिक भोजशाला मामले में मध्यप्रदेश हाई कोर्ट इंदौर खंडपीठ के संभावित फैसले को लेकर धार शहर में सुरक्षा व्यवस्था अभूतपूर्व स्तर पर बढ़ा दी गई है। फैसले से पहले जिला प्रशासन और पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड पर हैं। गुरुवार रात से शहर में प्रतिबंधात्मक आदेश लागू कर भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता की धारा 163 प्रभावी कर दी गई है।
संभावित फैसले के बाद किसी भी प्रकार की प्रतिक्रिया, विरोध या अफवाह की स्थिति से निपटने के लिए प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं। भोजशाला परिसर सहित शहर के प्रमुख चौराहों, संवेदनशील क्षेत्रों और छप्पन इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। पुलिस की लगातार गश्त जारी है और वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी हालात पर नजर बनाए हुए हैं।
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प्रशासन ने सोशल मीडिया और इंटरनेट मीडिया पर भी विशेष निगरानी शुरू कर दी है। अफवाह फैलाने, भ्रामक जानकारी प्रसारित करने या माहौल बिगाड़ने की कोशिश करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई है। अधिकारियों ने नागरिकों से शांति बनाए रखने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने की अपील की है।
गौरतलब है कि हिंदू पक्ष ने हाई कोर्ट में याचिका दायर कर भोजशाला को मंदिर घोषित करने और हिंदू समाज को वर्षभर 24 घंटे पूजा-अर्चना का अधिकार देने की मांग की थी। इस मामले में पिछले चार वर्षों से सुनवाई चल रही थी। लंबी न्यायिक प्रक्रिया और बहस पूरी होने के बाद अब फैसले की घड़ी आ गई है।
भोजशाला मामले को लेकर धार ही नहीं, पूरे प्रदेश में उत्सुकता का माहौल है। फैसले से पहले शहर में बढ़ाई गई सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए प्रशासन किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह तैयार नजर आ रहा है।



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